रायपुर। राजधानी में बड़ा ही अजीबोगरीब मामला सामने आया है। सिविल लाइन पुलिस ने एक फर्जी आईएएस को गिरफ्तार किया है। आरोपी खुद को आईएएस ऑफिसर बताकर पर्यटन संस्कृति विभाग में सब पर धौस जमा रहा था। संस्कृति विभाग के अधिकारियों को संदेश होने पर सिविल लाइन थाने को इसकी शिकायत की गई। जिसपर पुलिस ने आरोपी तारण दास को गिरफ्तार कर लिया है।
आरोपित ने अपने लेटरपैड में आवेदन किया, जिस पर उसके नाम के साथ आइएएस भी लिखा था। कुछ देर बाद वह चला गया। विभाग के अधिकारियों को उस पर शक हुआ। विभागीय अफसरों ने सिविल लाइन थाने में फर्जी आइएएस के खिलाफ की शिकायत की।
मिली जानकारी के अनुसार आरोपी का नाम तारण दास भारती पेशे से लोक कलाकार है। उसने खुद को उत्तर प्रदेश का आइएएस अफसर बताते हुए लखनऊ में पोस्टिंग होना बताया। इसके बाद खुद को गायक बताते हुए अपनी संस्था के लिए आर्थिक सहयोग मांगा। आईकार्ड देख कर संचालक और बाकी लोगो ने उन्हें अधिकारी मान कर उसकी बात सुनने लगे। आरोपी ने पर्यटन विभाग की खराब संस्था को लेकर उन्हें सुनाना शुरू कर दिया।
आरोपित ने अपने लेटरपैड में आवेदन किया, जिस पर उसके नाम के साथ आइएएस भी लिखा था। कुछ देर बाद वह चला गया। विभाग के अधिकारियों को उस पर शक हुआ। विभागीय अफसरों ने सिविल लाइन थाने में फर्जी आइएएस के खिलाफ की शिकायत की। जिसपर सिविल लाइन थाना पुलिस ने आरोपी फर्जी आईएएस तारण दास भारती को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस ने आरोपित के खिलाफ धारा 170 के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना में लिया है। सिविल लाइन टीआई सत्यप्रकाश तिवारी के मुताबिक आरोपित ग्रामीण इलाकों में सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन करता है और इसके लिए विभाग से अनुदान की मांग करता है। इसीलिए वह विभाग पहुंचा था। कुछ राशि बकाया होने का पता चला है। खुद को आइएएस बताकर विभाग वालों पर धौंस जमा रहा था।