रायपुर। छत्तीसगढ़ में वर्ष 2020-21 में लघु वनोपजों के संग्रहण तथा प्रसंस्करण आदि कार्यों से लोगों को 3 करोड़ मानव दिवस का रोजगार उपलब्ध हुआ है। इसमें लघु वनोपज संग्राहकों सहित आदिवासी-वनवासियों को 200 रूपए प्रतिदिन के हिसाब से 600 करोड़ रूपए की राशि के पारिश्रमिक का वितरण किया गया है।
इसके तहत वितरित पारिश्रमिक में तेंदूपत्ता संग्रहण के अंतर्गत 400 करोड़ रूपए तथा तेंदूपत्ता उपचारण एवं गोदामीकरण में 40 करोड़ रूपए की राशि शामिल है। इसी तरह प्रबंध संचालक राज्य लघु वनोपज संघ संजय शुक्ला ने बताया कि वर्ष 2020-21 के दौरान लघु वनोपज संग्रहण में 140 करोड़ रूपए तथा लघु वनोपज उपचारण एवं गोदामीकरण में 14 करोड़ रूपए की पारिश्रमिक राशि वितरित की गई है। इसके अलावा लघु वनोपज के प्राथमिक प्रसंस्करण कार्य में 2 करोड़ रूपए तथा अन्य कार्यों के अंतर्गत 4 करोड़ रूपए की पारिश्रमिक राशि का भुगतान किया गया है।